कुल्लू : यशस्वी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारतीय जनता पार्टी की केंद्र सरकार द्वारा विशेष तौर पर जगत प्रकाश नड्डा, केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण, उर्वरक एवं रसायन मंत्री के विहंगम प्रयासों से हिमाचल प्रदेश में ‘ऑल इंडिया इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज’ (एम्स) जैसा अति विशिष्ट संस्थान खड़ा हो गया। यह संस्थान बहुत ही अल्प अवधि में बनकर तैयार हुआ और हिमाचल प्रदेश के रोगियों के इलाज के लिए एक शानदार मंदिर के रूप में विकसित किया गया। डॉ. राजीव बिंदल ने कहा कि इसके पीछे एक असाधारण प्रयास जगत प्रकाश नड्डा का रहा, जिन्होंने एक साल में चार-चार, पांच-पांच बार व्यक्तिगत रूप से बिलासपुर आकर विकसित हो रहे एम्स के कार्यों की समीक्षा की। सभी बाधाओं को समय अवधि में दूर किया और दिल्ली के स्तर पर निरंतर मॉनिटरिंग करते हुए एम्स को एम्स बनाने के लिए सारी शक्ति झोंक दी। हिमाचल प्रदेश के गरीब लोगों के प्रति नड्डा के समर्पण ने और मोदी के आशीर्वाद ने एक ऐसे संस्थान को विकसित किया, जो आने वाले दशकों तक लाखों रोगियों के जीवन को सुखद बनाने में अहम भूमिका निभाएगा। न केवल एम्स, अपितु 3 मेडिकल कॉलेज—चंबा, हमीरपुर और नाहन के लिए 750 करोड़ रुपये उपलब्ध कराना, प्रदेश के मातृ एवं शिशु संस्थानों के लिए करोड़ों रुपये उपलब्ध कराना, कैंसर संस्थानों के लिए, ट्रॉमा सेंटर्स के लिए, बड़े-बड़े इक्विपमेंट्स के लिए करोड़ों-अरबों रुपये उपलब्ध करवाकर प्रदेश की चिकित्सा व्यवस्था में महत्वपूर्ण योगदान दिया। यह श्री नरेंद्र भाई मोदी जी की देन और श्री जगत प्रकाश नड्डा के सार्थक प्रयासों से हो पाया है। उन्होंने आगे कहा कि जिस सुंदर तरीके से, तेज गति के साथ एम्स बिलासपुर आगे बढ़ रहा है, वह समय दूर नहीं जब यह उत्तरी भारत का श्रेष्ठ चिकित्सा संस्थान बनेगा। महामहिम राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू का जगत प्रकाश नड्डा की मौजूदगी में चिकित्सकों को डिग्रियां बांटना एक अति सुंदर भविष्य की छवि को दिखाता है। सीआरआई कसौली, जो देश का वैक्सीन पैदा करने वाला सबसे पुराना संस्थान है, वहां नड्डा का लगातार प्रवास करना, उसके नए विंग्स का लोकार्पण करना, लाहौल-स्पीति में शोध केंद्र स्थापित करना और आयुष्मान भारत योजना के माध्यम से प्रदेश के लाखों लोगों के जीवन की रक्षा करना—ये वो बड़े काम हैं जिसका लाभ हिमाचल प्रदेश के जनमानस को मिल रहा है। डॉ. राजीव बिंदल ने कहा कि यदि हम प्रदेश के चिकित्सा संस्थानों की प्रगति की ओर नजर दौड़ाएं, तो हमें ध्यान में आएगा कि बड़ी मात्रा में केंद्र द्वारा धन दिए जाने के बाद भी भवनों का निर्माण अधर में लटका है। चिकित्सकों की आपूर्ति न होने से रोगियों को भारी कष्ट हो रहा है और कुछ एक संस्थान तो जर्जर हालत में पहुंच गए हैं। वजह है—प्रदेश सरकार की जनता के प्रति बेरुखी, और केवल अपने लिए व मित्रों के लिए संसाधनों का व सरकारी शक्तियों का उपयोग करने की ललक ने प्रदेश की जनता को बदहाली में छोड़ दिया है। अंत में डॉ. राजीव बिंदल ने कहा कि हम प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के योगदान के प्रति आभार व्यक्त करते हैं और जगत प्रकाश नड्डा के निरंतर प्रयासों की भूरि-भूरि प्रशंसा करते हैं।